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हिंदी उपन्यास - "मुँह दिखाई" 
आज की नारी क्रांतिकारी ! 


संक्षिप्‍त विवरण 
सरकारी अफ़सर द्रौपदी मिश्रा "मुँह दिखायी" की रस्म के ख़िलाफ़ मुहिम छेड़ देती है। त्रिलोक त्रिपाठी जिसका शिकार बनता है। जो अपने माँ बाप को उनकी खोई हुई प्रतिष्ठा और सम्मान को दिलाने के चक्कर में इसकी चपेट में आ जाता है। 

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